मङ्गल in the एकादश भाव
बृहत् पाराशर होराशास्त्र व्याख्या
Gains & Desires
शास्त्रीय श्लोक
एकादश भाव में मंगल जातक को धनवान, साहसी, सुखी और भूमि व वाहनों का स्वामी बनाता है। साहसिक उद्यम से लाभ संकेतित है।
शास्त्रीय स्रोत देखें: BPHS Ch.24, Shloka 69-70
आधुनिक व्याख्या
महत्वाकांक्षाएं साहस और प्रतिस्पर्धी प्रेरणा से पूर्ण होती हैं। सेना, खेल या इंजीनियरिंग पेशेवरों से मित्रता। तकनीकी या शारीरिक कार्य से संपत्ति लाभ और उच्च आय।
कुंजी शब्द
gainsambitionpropertyenterprise