हिन्दू त्योहार कैलेंडर 2026
हिन्दू कैलेंडर (पंचांग) चन्द्र-सौर प्रणाली पर आधारित है जिसमें मास, तिथि, नक्षत्र, योग और करण पाँच अंगों से मिलकर बनते हैं। प्रत्येक त्योहार और व्रत की तिथि चन्द्रमा की कला (तिथि) और मास (अमान्त या पूर्णिमान्त) से निर्धारित होती है। यही कारण है कि ग्रेगोरियन कैलेंडर पर तारीखें प्रतिवर्ष बदलती हैं।
यह कैलेंडर आपके स्थान के अनुसार सटीक तिथि, एकादशी पारण समय, पूर्णिमा, अमावस्या, चतुर्थी, प्रदोष और ग्रहण सहित सम्पूर्ण पंचांग प्रदान करता है। प्रत्येक त्योहार पर क्लिक करें — विस्तृत विधि, महत्व और पूजा पद्धति देखें।
कैलेंडर की विशेषताएँ
हमारा कैलेंडर स्थान-आधारित है — सभी तिथि समय, सूर्योदय/सूर्यास्त, और एकादशी पारण खिड़कियाँ आपके शहर के अनुसार गणना की जाती हैं। आप पश्चिमी मास (जनवरी-दिसम्बर), हिन्दू चन्द्र मास (चैत्र-फाल्गुन), या तिथि ग्रिड दृश्य में देख सकते हैं। फ़िल्टर करें: केवल त्योहार, एकादशी, पूर्णिमा, अमावस्या, चतुर्थी, प्रदोष, या ग्रहण। ICS निर्यात से अपने Apple/Google कैलेंडर में जोड़ें।
क्षेत्रीय पंचांग परम्पराएँ
भारत में एक ही मानक पंचांग नहीं है। बंगाली कैलेंडर (बंगाब्द) सौर पद्धति से चलता है और बोइशाख से वर्ष आरम्भ होता है। तमिल पंचांग (तिरुवल्लुवर) भी सौर है और चित्तिरै (मेष संक्रान्ति) से शुरू होता है। गुजराती पंचांग (विक्रम संवत) अनूठा है — इसका नववर्ष (बेस्तु वरस) दीपावली के अगले दिन कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा से आरम्भ होता है। तेलुगु, कन्नड़, मराठी और ओड़िया पंचांग चान्द्र-सौर (लूनिसोलर) पद्धति से चलते हैं। इन सभी क्षेत्रीय परम्पराओं की विस्तृत जानकारी, मास-नाम और प्रमुख त्योहार क्षेत्रीय पंचांग पृष्ठ पर देखें।